देश चाणक्य नीति:- समय की सूझ Divya Chinta May 22, 2024 उपसग्रेन्यचक्रे च दुर्भिक्षे च भयावहे | असाधुजनसंपर्के पलायती स जीवति || आचार्य चाणक्य यहां समय की सूझ की चर्चा करते हुए कहते हैं – उपद्रव या लड़ाई हो जाने पर, भयंकर अकाल पड़ जाने पर और दुष्टों का साथ मिलने पर भागजाने वाला व्यक्ति ही जीता है | आशय यह है कि कहीं पर भी अन्य लोगों के बीच में लडाई – झगड़ा, दंगा फसाद हो जाने पर, भयंकर अकाल पड़ जाने पर और दुष्ट लोगों के संपर्क में आ जाने पर उस स्थान को छोड़कर भाग खड़ा होने वाला व्यक्ति अपने को बचा लेता है | ऐसी जगहों से भाग जाना ही सबसे बड़ी समझदारी है | Post navigation Previous कांग्रेस ने देश को बर्बाद किया और जंगलराज वालों ने बिहार को अपराध का फैक्ट्री बनाया:नरेन्द्र मोदीNext रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का 17वें साल भी टूटा आईपीएल खिताब जीतने का सपना Related Stories वाराणसी में गंगा के ऊपर आसमान में वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने दिखाया करतब Featured देश वाराणसी में गंगा के ऊपर आसमान में वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने दिखाया करतब October 22, 2026 रांची में 15वीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता का आगाज, राज्यपाल ने किया उद्घाटन Featured देश रांची में 15वीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता का आगाज, राज्यपाल ने किया उद्घाटन October 22, 2026 उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री समेत कई नेताओं ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीद पुलिसकर्मियों को दी श्रद्धांजलि Featured देश उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री समेत कई नेताओं ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीद पुलिसकर्मियों को दी श्रद्धांजलि October 21, 2026