बलरामपुर, 7 दिसंबर । उत्तर से लगातार बह रही शीतल हवाओं ने सरगुजा संभाग में जबरदस्त ठंड का प्रकोप बढ़ा दिया है। दिसंबर के शुरुआती सप्ताह में ही अधिकांश क्षेत्रों में पारे में भारी गिरावट दर्ज की जा रही है। ठंडी हवाओं के चलते मैदान से लेकर पाट इलाकों तक लोग कंपकंपी महसूस कर रहे हैं।
सरगुजा संभाग में पिछले दो दिनों से तापमान में तेजी से गिरावट दर्ज की गई है। कोरिया जिले के सोनहत में लगातार दूसरे दिन न्यूनतम तापमान 4 डिग्री सेल्सियस पर कायम रहा, जिसके चलते क्षेत्र में घना पाला जम गया। वहीं अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान में मामूली बढ़त देखी गई और बीते 24 घंटों में 5.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।
सामरी और मैनपाट जैसे ऊंचाई वाले पाट क्षेत्रों में भी ठिठुरन बनी हुई है। हालांकि यहां न्यूनतम तापमान करीब 5 डिग्री रहा और पाला नहीं गिरा। मैदानी हिस्सों में भी न्यूनतम तापमान 4 से 5 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 24.3 डिग्री तक पहुंचा। कड़ाके की ठंड के कारण शाम ढलते ही बाजारों में सन्नाटा छाने लगा है। लोगों ने ठिठुरन से बचने के लिए अलाव का सहारा लेना शुरू कर दिया है।
मौसम विशेषज्ञ ए.एम. भट्ट के अनुसार, क्षेत्र में आसमान पूरी तरह खुल चुका है और उत्तर की ओर से आ रही शीतल हवाएं तापमान को और नीचे ले जा रही हैं। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में भी ठंड का असर बना रहेगा और न्यूनतम तापमान फिर से 4 डिग्री तक गिर सकता है। भट्ट ने यह भी कहा कि एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय जरूर हो रहा है, लेकिन उसकी तीव्रता कमजोर है, इसलिए शीतलहरों का प्रकोप कम होने के आसार नहीं हैं।
लगातार जारी ठंड का असर लोगों के स्वास्थ्य पर दिखाई देने लगा है। बच्चे और बुजुर्ग तेजी से सर्दी-जुकाम और अन्य मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को गर्म कपड़ों का उपयोग करने, आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी है।
