10 दिसंबर । माइक्रोसॉफ्ट के चेयरमैन और सीईओ सत्य नडेला ने बुधवार को कहा कि भारत 2030 तक दुनिया की सबसे बड़ी डेवलपर कम्युनिटी बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने भारत के बढ़ते टैलेंट और नेक्स्ट जेनरेशन एआई इनोवेशन में देश की उभरती नेतृत्व क्षमता को रेखांकित किया।
एआई सिस्टम डिजाइन करने के तरीके को बदल रहे हैं
‘माइक्रोसॉफ्ट लीडरशिप कनेक्शन’ इवेंट में नडेला ने बताया कि नए टूल्स और प्लेटफॉर्म किस तरह लोगों के सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, एप्लीकेशन निर्माण और मल्टी-एजेंट एआई सिस्टम डिजाइन करने के तरीके को बदल रहे हैं। नडेला के अनुसार, “भारत में 2030 तक 57.5 मिलियन डेवलपर्स होने का अनुमान है, जो देश को वैश्विक स्तर पर सबसे बड़ा डेवलपर बेस बना देगा।”
उन्होंने इसे भारत के लिए एआई का उपयोग कर सामाजिक स्तर पर समाधान विकसित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर बताया। नडेला ने कहा कि भारत के डेवलपर्स पहले से ही गिटहब, एज्योर और माइक्रोसॉफ्ट के नए एआई प्लेटफॉर्म का उपयोग उन उन्नत प्रोजेक्ट्स के लिए कर रहे हैं, जो पहले केवल बड़े रिसर्च लैब्स तक सीमित थे।
सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट का भविष्य अब केवल एक सिंगल एआई मॉडल तक सीमित नहीं
नडेला ने एआई एप्लीकेशन डेवलपमेंट के लिए माइक्रोसॉफ्ट के नए टूलचेन- ऐपबिल्डर, कोपाइलेट स्टूडियो और फाउंड्राई के बारे में भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट का भविष्य अब केवल एक सिंगल एआई मॉडल तक सीमित नहीं है, बल्कि एक व्यापक इकोसिस्टम के निर्माण पर केंद्रित है, जहां डेवलपर्स अपने लिए उपयुक्त मॉडल चुन सकें, उसका मूल्यांकन कर सकें और भरोसे के साथ उसे डिप्लॉय कर सकें।
नडेला के अनुसार, “माइक्रोसॉफ्ट” इस इकोसिस्टम में बड़े पैमाने पर निवेश कर रहा है, ताकि डेवलपर्स- विशेषकर भारत के डेवलपर्स- नेक्स्ट जेनरेशन एप्लीकेशंस तैयार कर सकें। ऐसे एप्लीकेशंस जो व्यवसायों द्वारा उपयोग किए जा रहे मौजूदा डेटा और सिस्टम के साथ सहज रूप से एकीकृत हो सकें।
अगले चार वर्षों में भारत में 17.5 अरब डॉलर का निवेश
इस बीच, वैश्विक टेक दिग्गज ने मंगलवार को जानकारी दी कि कंपनी अगले चार वर्षों में भारत में 17.5 अरब डॉलर का निवेश करेगी। यह घोषणा नडेला की प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई बैठक के बाद की गई।
