लोकसभा ने परीक्षा में अनुचित साधनों के इस्तेमाल पर अंकुश लगाने के लिए कठोर दंड और त्वरित अदालती कार्यवाही का प्रस्ताव करते हुए पेपर लीक विरोधी विधेयक पारित कर दिया है। यह विधेयक लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 में संशोधन करता है।
सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 में कई महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल हैं, जिनमें दस वर्ष तक की कैद, दस करोड़ रुपये तक का जुर्माना और दोषी पाए गए अपराधियों की संपत्ति की ज़ब्ती जैसे कठोर दंड शामिल हैं। यह विधेयक प्रत्येक राज्य सरकार और केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन को दैनिक सुनवाई के लिए विशेष त्वरित न्यायालय स्थापित करने का आदेश देता है।
विधेयक पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह संशोधन कानून को और अधिक सख्त बनाने और कागज लीक मामलों में त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के लिए लाया गया है।
विधेयक पारित होने के बाद, निचले सदन को आज सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
